22 Sep 2017, 09:47 HRS IST
  • मुंबई : एक कार्यक्रम में वॉलीवुड अभिनेत्री अनुष्का शर्मा
    मुंबई : एक कार्यक्रम में वॉलीवुड अभिनेत्री अनुष्का शर्मा
    कोलकाता : दुर्गा प्रतिमा को नाव पर ले जाते हुए
    कोलकाता : दुर्गा प्रतिमा को नाव पर ले जाते हुए
    कोलकाता : भारतीय कप्तान विराट कोहली शॉट खेलते हुए
    कोलकाता : भारतीय कप्तान विराट कोहली शॉट खेलते हुए
    जयपुर में नवरात्रि महोत्सव का नजारा
    जयपुर में नवरात्रि महोत्सव का नजारा
PTI
PTI
Select
खबर
Skip Navigation Linksहोम अर्थ
login
  • सबस्क्राइबर
  • यूज़र नाम
  • पासवर्ड   
  • याद रखें
ad
add
add
  • सरकार ने एयर इंडिया के विनिवेश के लिए मंगाये सलाहकार की नियुक्ति के आवेदन

  • विज्ञापन
  • [ - ] फ़ॉन्ट का आकार [ + ]
पीटीआई-भाषा संवाददाता 11:46 HRS IST

नयी दिल्ली, 14 सितंबर (भाषा) सरकार ने आज एयर इंडिया में विनिवेश की प्रक्रिया को आगे बढ़ाते हुए इसकी हिस्सेदारी की रणनीतिक बिक्री के लिए सलाहकार नियुक्त करने की खातिर आवेदन मंगाया। ये आवेदन 12 अक्तूबर तक दिये जा सकते हैं।

वित्त मंत्रालय द्वारा जारी दो सार्वजनिक अधिसूचनाओं के अनुसार, सलाहकार के लिए निवेश बैंकरों, कानूनी कंपनियों एवं अन्य कंपनियों से आवेदन मंगाये गये हैं। ये आवेदन एयर इंडिया और इसके सहयोगी एवं संयुक्त उपक्रमों के रणनीतिक विनिवेश के लिए दो सलाहकार तथा एक कानूनी सलाहकार नियुक्त करने के लिए मंगाये गये हैं।

अधिसूचना में कहा गया है, ‘‘भारत सरकार ने एयर इंडिया समूह के प्रबंधन नियंत्रण के हस्तांतरण समेत इसकी हिस्सेदारी की रणनीतिक बिक्री के लिए विनिवेश करने का निर्णय लिया है। यह विनिवेश पूरे समूह या सहयोगी इकाइयों का हो सकता है या फिर पूरी अथवा सीमित हिस्सेदारी की बिक्री की जा सकती है।’’ सरकार इसके लिए सलाह सेवाओं तथा रणनीतिक विनिवेश के प्रबंधन के लिए प्रतिष्ठित निवेश बैंकरों, मर्चेंट बैंकरों, वित्तीय संस्थानों और बैंकों की तलाश कर रही है।

उल्लेखनीय है कि सरकार ने घाटे में चल रही एयर इंडिया का रणनीतिक विनिवेश करने का निर्णय लिया है। मंत्रियों की एक समिति विनिवेश के तौर-तरीकों पर काम कर रही है। एयर इंडिया को परिचालन संबंधी आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन सरकार के समय 10 साल के लिए 30,231 करोड़ रुपये का राहत पैकेज दिया गया था। कंपनी को अब तक इस पैकेज के तहत करीब 26 हजार करोड़ रुपये मिल चुके हैं। इसके ऊपर 50 हजार करोड़ रुपये से अधिक का कर्ज है। आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति ने इसी साल जून में इसके रणनीतिक विनिवेश को मंजूरी दी है।

  • अपनी टिप्पणी पोस्ट करे ।
  • इस खण्ड में