14 Nov 2019, 06:18 HRS IST
  • न्यायालय का फैसला- विवादित स्थल पर मंदिर निर्माण और मस्जिद के लिये वैकल्पिक जगह दी जाये
    न्यायालय का फैसला- विवादित स्थल पर मंदिर निर्माण और मस्जिद के लिये वैकल्पिक जगह दी जाये
    करतारपुर गलियारे का इस्तेमाल करने वाले भारतीयों सिखों के लिये पासपोर्ट जरूरी नहीं - पाक
    करतारपुर गलियारे का इस्तेमाल करने वाले भारतीयों सिखों के लिये पासपोर्ट जरूरी नहीं - पाक
    झारखंड में पांच चरणों में मतदान, 23 दिसंबर को मतगणना
    झारखंड में पांच चरणों में मतदान, 23 दिसंबर को मतगणना
    आईएसआईएस का सरगना बगदादी अमेरिकी हमले में मारा गया: ट्रंप
    आईएसआईएस का सरगना बगदादी अमेरिकी हमले में मारा गया: ट्रंप
PTI
PTI
Select
खबर
Skip Navigation Linksहोम राष्ट्रीय
login
  • सबस्क्राइबर
  • यूज़र नाम
  • पासवर्ड   
  • याद रखें
ad
add
add
  • पलटवार पर कमजोर नजर आती हैं सिंधू: विमल कुमार

  • विज्ञापन
  • [ - ] फ़ॉन्ट का आकार [ + ]
पीटीआई-भाषा संवाददाता 18:8 HRS IST



नयी दिल्ली , 17 अप्रैल ( भाषा ) पूर्व भारतीय कोच विमल कुमार का मानना है कि स्टार बैडमिंटन खिलाड़ी पीवी सिंधू पलटवार पर कमजोर नजर आती हैं और यही कारण है कि उन्हें राष्ट्रमंडल खेलों के फाइनल सहित कई खिताबी मुकाबलों में हार का सामना करना पड़ा है।



विमल का मानना है कि थोड़ी परिपक्वता और थोड़े से भाग्य के साथ वह करीबी मैचों में जीत दर्ज करने में सफल रहेंगी।



बाइस साल की सिंधू के लिए फाइनल में यह एक और हार है। इससे पूर्व पिछले साल उन्हें रियो ओलंपिक , ग्लास्गो विश्व चैंपियनशिप और दुबई सुपर सीरीज फाइनल्स के फाइनल में हार का सामना करना पड़ा जबकि इस साल उन्होंने इंडिया सुपर सीरीज और आल इंग्लैंड चैंपियनशिप के खिताबी मुकाबले गंवाए।



विमल ने पीटीआई से कहा , ‘‘ सिंधू फाइनल में हल्की नजर आई। उसके अंदर वह आक्रामकता नहीं थी जो अन्य खिलाड़ियों के खिलाफ खेलने के दौरान होती है। मैंने देखा कि जब रैली लंबी होती है और जब पलटवार होता है तो सिंधू कुछ कमजोर नजर आती है और साइना ने इसका फायदा उठाया। लेकिन पता नहीं अगर मैच तीसरे गेम में खिंचता को क्या होता। ’’



उन्होंने कहा , ‘‘ सिंधू अब भी युवा है और वह अन्य लड़कियों के खिलाफ बेहतर खेल रही है। दुर्भाग्य से जब वह हारती है तो सभी आलोचना करते हैं लेकिन वह सिर्फ 23 साल की है , वह इन परिस्थितियों को अपने फायदे में बदल सकती है। मुझे लगता है कि ऐसा होगा। थोड़ी और परिपक्वता के साथ वह बेहतर प्रदर्शन करेगी। ’’



विमल ने कहा , ‘‘ इस मैच में भी उसने साइना को आसान अंक दिए। वह अपने शाट को लेकर आश्वस्त नहीं थी जबकि साइना की बाडी लैंग्वेज बिलकुल अलग थी , वह फाइनल को लेकर उत्सुक थी। अगर सिंधू सेमीफाइनल हार जाती तो मुझे नहीं पता कि साइना इतनी आक्रामक होती या नहीं क्योंकि वह अन्य लड़कियों के खिलाफ जूझ रही थी। ’’



विमल ने कहा कि राष्ट्रमंडल खेलों में भारत के अभियान का आकर्षण मिश्रित टीम स्पर्धा का स्वर्ण पदक रहा और अगर टीम इसी अंदाज में खेलना जारी रखती है तो देश अगले महीने थामस एवं उबेर कप फाइनल जीत सकता है।

  • अपनी टिप्पणी पोस्ट करे ।