13 Nov 2018, 05:56 HRS IST
  • पटना: छठ पर्व के दौरान गंगा नदी किनारे पूजा करते श्रद्धालुगण
    पटना: छठ पर्व के दौरान गंगा नदी किनारे पूजा करते श्रद्धालुगण
    पटना: महापर्व छठ के ‘खरना पूजा’ के दौरान गंगा नदी में डूबकी लगाने के बाद सूर्य की पूजा करतीं महिलाएं
    पटना: महापर्व छठ के ‘खरना पूजा’ के दौरान गंगा नदी में डूबकी लगाने के बाद सूर्य की पूजा करतीं महिलाएं
    छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव : मतदान करने जाते लोग
    छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव : मतदान करने जाते लोग
    शक्तियों का अत्यधिक केंद्रीकरण भारत की प्रमुख समस्याओं में से एक- रघुराम राजन
    शक्तियों का अत्यधिक केंद्रीकरण भारत की प्रमुख समस्याओं में से एक- रघुराम राजन
PTI
PTI
Select
खबर
Skip Navigation Linksहोम अर्थ
login
  • सबस्क्राइबर
  • यूज़र नाम
  • पासवर्ड   
  • याद रखें
ad
add
add
  • पाइपलाइन के लिए रूस को डॉलर देना स्वीकार्य नहीं : ट्रंप

  • विज्ञापन
  • [ - ] फ़ॉन्ट का आकार [ + ]
पीटीआई-भाषा संवाददाता 12:46 HRS IST



(ललित के . झा)

वाशिंगटन , 12 जुलाई (भाषा) अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने जर्मनी - रूस पाइपलाइन गैस समझौते और ऊर्जा जरुरतों के लिए यूरोपीय देशों के रूस की गैस पर बहुत अधिक निर्भर रहने की आलोचना की।

ट्रंप ने नाटो की उपयोगिता पर भी सवाल खड़ा करते हुए यूरोपीय देशों के उनकी रक्षा व्यय प्रतिबद्धताओं को पूरा करने में विफल रहने पर आपत्ति जतायी। साथ ही जर्मनी को रूस का ‘ बंधक ’ करार दिया।

ट्रंप ने कहा कि जर्मनी और रूस के बीच पाइपलाइन समझौते को देखते हुए अमेरिका को कुछ कदम उठाना पड़ सकता है , क्योंकि इससे रूस की अर्थव्यवस्था में अरबों डॉलर जा रहे हैं।

ट्रंप ने ब्रसेल्स में नाटो शिखर सम्मेलन में इस मुद्दे को उठाया और उसके बाद एक ट्वीट में कहा , ‘‘ रुस को पाइपलाइन के लिए डॉलर दिया जाना स्वीकार्य नहीं है। ’’

उनकी इन टिप्पणियों पर अमेरिका और कुछ यूरोपीय सहयोगियों ने ऐतराज जताया है। ट्रंप ने कहा कि जर्मनी जैसे देश अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए रूस पर जरुरत से ज्यादा निर्भर हैं।

उन्होंने कहा कि नाटो का क्या लाभ है जब जर्मनी रूस को गैस और ऊर्जा के लिए अरबों डॉलर का भुगतान कर रहा है। यूरोपीय संघ के 29 देशों में से केवल पांच ने ही अपनी व्यय प्रतिबद्धताएं क्यों पूरी की हैं। अमेरिका यूरोप की सुरक्षा के लिए भुगतान कर रहा है और व्यापार में अरबों डॉलर का घाटा उठा रहा है।

ट्रंप की यह आलोचना ऐसे समय आयी है जब वह 16 जुलाई को रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से हेलसिंकी में मिलने वाले हैं।

उन्होंने नाटो सदस्य देशों से उनके रक्षा खर्च में बढ़ोतरी करने की मांग की ताकि अमेरिका के वित्तीय बोझ को घटाया जा सके।

  • अपनी टिप्पणी पोस्ट करे ।
  • इस खण्ड में